



काशीपुर। राजनीति की शह और मात के खेल में जसपुर विधानसभा सीट पर भी समीकरण बदलना शुरू हो गए हैं। हालांकि अभी भाजपा व कांग्रेस ने अपने उम्मीदवारों के बाबत पत्ते नहीं खोले हैं, लेकिन बहुजन समाज पार्टी से अजय अग्रवाल के चुनाव मैदान में कूदने से जसपुर विधानसभा क्षेत्र में आम आदमी पार्टी के लगभग सारे ही समीकरण गड़बड़ाते बताये जा रहे हैं। करीब चालीस सालों तक भारतीय जनता पार्टी से जुड़े रहे अजय अग्रवाल पार्टी में उपेक्षा के चलते वर्ष 2020 में आम आदमी पार्टी से जुड़े और जसपुर में पूरे जोशोखरोश से आम आदमी पार्टी का झंडा बुलंद किया। एक सच्चे सिपाही की आम आदमी पार्टी ने भी कद्र नहीं की और उन्हें एकाएक हाशिये पर ले जाने की कोशिश की गई। पार्टी की सोच से समय रहते वाकिफ हुए अजय अग्रवाल ने पार्टी छोड़ने का ऐलान करते हुए निर्दलीय ताल ठोकने का मन बनाया। क्षेत्र में अजय अग्रवाल की मजबूत पकड़ और समाजसेवा के जज्बे का संज्ञान लेकर बहुजन समाज पार्टी के आला नेताओं ने उनसे तत्काल संपर्क साधा और पार्टी में शामिल होने का आग्रह किया। अपने सामाजिक व राजनैतिक सहयोगियों से रायशुमारी के बाद अजय अग्रवाल ने इस आग्रह को स्वीकार किया और वृहस्पतिवार को बसपा ज्वाइन कर ली। यह खबर जैसे ही आम आदमी पार्टी के खेमे तक पहुची, वहां मायूसी फैल गई। आम आदमी पार्टी की यहां से चुनाव जीतने की हसरत एकाएक ताश के पत्तों की तरह बिखर गई। क्योंकि खबर यह भी फैली कि ज्वाइनिंग प्रोग्राम में आम आदमी पार्टी छोड़कर आए तमाम लोग मौजूद थे