



गुजरात के भावनगर जिले में जहरीली शराब पीने से अब तक आठ लोगों की मौत हो चुकी है, जबकि 25 लोग अभी भी अस्पताल में भर्ती हैं। अधिकारियों के अनुसार, कुल 61 लोग इस जहरीली शराब से प्रभावित हुए हैं। इलाज करा रहे मरीजों में 10 की हालत गंभीर है और उन्हें आईसीयू में रखा गया है। इनमें से एक मरीज वेंटिलेटर पर है। जांच में शराब के नमूने में 38.59 प्रतिशत जहरीला मेथनॉल और 0.94 प्रतिशत इथेनॉल पाया गया है।
वसुंधरा दीप न्यूज डेस्क, भावनगर। जिला प्रशासन के मुताबिक, 15 मरीजों की हालत फिलहाल स्थिर है, जबकि 10 अन्य लोगों को इलाज के बाद अस्पताल से छुट्टी दी जा चुकी है। इस मामले में दर्ज एफआईआर में 21 लोगों को नामजद किया गया है, जिनमें से 13 आरोपियों को पुलिस गिरफ्तार कर चुकी है। आरोपियों पर गैर इरादतन हत्या, मिलावट और भारतीय न्याय संहिता व गुजरात निषेध अधिनियम के तहत विभिन्न धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया है। अदालत ने गिरफ्तार आरोपियों को 10 दिन की पुलिस हिरासत में भेजा है।
मामले की गंभीरता को देखते हुए जांच गुजरात पुलिस की स्टेट मॉनिटरिंग सेल को सौंप दी गई है। पुलिस के अनुसार, नकली शराब को एक लोकप्रिय भारतीय निर्मित विदेशी शराब ब्रांड की बोतलों में पैक कर सील किया गया था। आरोप है कि वर्तेज निवासी गौतम सोलंकी के घर पर रईस और उसके सहयोगियों की मदद से जहरीली शराब तैयार की गई और बाद में इसे बेचने के लिए भेजा गया। पुलिस अब शराब तैयार करने में इस्तेमाल कच्चे माल और बोतल सील करने वाले उपकरण की सप्लाई से जुड़े लोगों की भी जांच कर रही है।

