छत्तीसगढ़ में अजगर की सफल सर्जरी, मुंह से निकाली 200 ग्राम की गांठ
अंबिकापुर। छत्तीसगढ़ के अंबिकापुर से रेस्क्यू किए गए 8.5 किलो वजनी अजगर की जान बचा ली गई है। अजगर के मुंह में कैंसर की गंभीर गांठ थी, जिसके कारण वह खाने-पीने में असमर्थ हो गया था। सरगुजा के स्नेक मैन सत्यम द्विवेदी ने अजगर को सुरक्षित रेस्क्यू किया और बेहतर इलाज के लिए करीब 250 किलोमीटर दूर बिलासपुर लेकर पहुंचे।
बिलासपुर के कानन पेंडारी में वन्यजीव विशेषज्ञ डॉ. पीके चंदन ने अजगर की जांच की। इसके बाद उसे सर्जन डॉ. पीयूष दुबे के पास भेजा गया। डॉक्टरों की टीम ने करीब साढ़े तीन घंटे तक जटिल सर्जरी की और अजगर के मुंह से लगभग 200 ग्राम वजनी ट्यूमर सफलतापूर्वक निकाल दिया।
समय पर इलाज मिलने से अजगर की जान बचाने में सफलता मिली। यह मामला वन्यजीव संरक्षण और पशु चिकित्सा के क्षेत्र में महत्वपूर्ण माना जा रहा है। रेस्क्यू से लेकर सर्जरी तक की पूरी प्रक्रिया में वन्यजीव विशेषज्ञों और चिकित्सकों ने अहम भूमिका निभाई।





