छत्तीसगढ़: नौकरी के बहाने रूस बुलाकर बंधक बनाने का आरोप, युवक पर युद्ध लड़ने का दबाव
छत्तीसगढ़ के बिलासपुर निवासी विनीत कुमार दुबे रूस में नौकरी के नाम पर कथित तौर पर फंस गए हैं। उनकी बहन आशी के अनुसार, विनीत को मॉस्को के एक होटल में बंधक बनाकर रूसी सेना में शामिल होने और यूक्रेन के खिलाफ युद्ध लड़ने का दबाव बनाया जा रहा है। परिजनों का आरोप है कि विरोध करने पर उनके साथ मारपीट की जाती है और भूखा रखने के साथ फर्जी ड्रग्स मामले में फंसाने की धमकी भी दी जाती है।
परिजनों के मुताबिक, विनीत एक अक्टूबर को मॉस्को पहुंचे थे और उन्हें वहां से वोल्गोग्राड जाना था। आरोप है कि किशोर नाम के एक बिचौलिये ने उन्हें होटल में रोक लिया। सख्त पहरे के कारण वह भारतीय दूतावास से संपर्क नहीं कर पा रहे थे। छह अक्टूबर को भेजे गए आखिरी वॉयस नोट में विनीत ने आशंका जताई थी कि उन्हें किसी अज्ञात स्थान पर ले जाया जा सकता है। इसके बाद से उनका फोन बंद बताया जा रहा है।
विनीत के परिजनों ने सांसद एवं केंद्रीय राज्य मंत्री तोखन साहू और पुलिस अधीक्षक के माध्यम से विदेश मंत्रालय से मदद मांगी है। बिलासपुर के कलेक्टर संजय अग्रवाल के अनुसार, विदेश मंत्रालय और मॉस्को स्थित भारतीय दूतावास को पत्र लिखकर संपर्क किया गया है। परिजन विनीत की सुरक्षित वापसी की गुहार लगा रहे हैं और उनकी स्थिति का पता लगाने के प्रयास किए जा रहे हैं।




