



*किच्छा विधानसभा के अंतर्गत फुलसुंगा को मिली बड़ी सौगात: ₹1.74 करोड़ से होगा तीन पानी डाम/पुल चौड़ी करण निर्माण-बेहड़*
किच्छा। तिलक राज बेहड़ ने प्रेस विज्ञप्ति जारी कर जानकारी दी कि उनके लगातार प्रयासों के फलस्वरूप राज्य सेक्टर पोषित बाँध/बैराज निर्माण एवं आधुनिकीकरण योजना के अंतर्गत किच्छा विधानसभा के अंतर्गत् रुद्रपुर वार्ड नंबर-1, फुलसुंगा (बैगुल नदी) स्थित क्षतिग्रस्त हेड रेगुलेटर एवं पुल के पुनर्निर्माण हेतु ₹174.81 लाख की प्रशासनिक एवं वित्तीय स्वीकृति प्राप्त हो गई है। वित्तीय वर्ष 2025-26 में प्रथम किस्त के रूप में ₹104.89 लाख की धनराशि भी जारी कर दी गई है।
विधायक बेहड़ ने बताया कि उक्त हेड रेगुलेटर एवं पुल काफी समय से जर्जर अवस्था में था और बरसात के दौरान डाम छोटा होने व पानी की पर्याप्त निकासी न होने के कारण क्षेत्र में गंभीर जलभराव की स्थिति उत्पन्न हो जाती थी। वर्तमान में पुल की चौडाई कम होने के कारण यहाँ यातायात की बहुत समस्या थी अक्सर जाम की स्थिति बनी रहती थी और डाम (बरसाती पानी का दबाव) बढ़ने पर पानी सड़क के ऊपर से बहने लगता था और आसपास के कई घरों में पानी घुस जाता था। बरसाती मौसम में पूरा क्षेत्र जलमग्न हो जाता था, जिससे आमजन, स्कूली बच्चों, बुजुर्गों और व्यापारियों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ता था।
उन्होंने बताया कि इस समस्या को लेकर स्थानीय नागरिकों ने कई बार उनका घेराव भी किया था। स्वयं विधायक ने कई अवसरों पर बरसात के समय मौके पर पहुंचकर निरीक्षण किया और संबंधित विभागीय अधिकारियों के साथ बैठक कर स्थायी समाधान की मांग की। उनके स्वयं के लगातार पत्राचार और प्रयासों के बाद अब इस हेड रेगलेटर एंव पुल के पुन: निर्माण कार्य को स्वीकृति मिल पाई है।
स्वीकृत योजना के अंतर्गत लगभग 7.00 मीटर चौड़ी नये पुल का निर्माण किया जाएगा,नए फाटकों का निर्माण होगा जिससे पानी की निकासी सुचारु और वैज्ञानिक ढंग से हो सकेगी। आधुनिक डिजाइन के तहत निर्माण होने से भविष्य में डाम का पानी सड़कों या घरों में प्रवेश नहीं करेगा।
विधायक बेहड़ ने कहा कि यह कार्य पूर्ण होने के बाद फुलसुंगा क्षेत्र के निवासियों को बरसात के समय बड़ी राहत मिलेगी, जलभराव की समस्या समाप्त होगी तथा आवागमन भी सुगम और सुरक्षित हो सकेगा। उन्होंने क्षेत्रवासियों को आश्वस्त किया कि विकास कार्यों में कोई कमी नहीं आने दी जाएगी और जनसमस्याओं के समाधान हेतु वे निरंतर प्रयासरत रहेंगे।

