झारखंड: गिरिडीह उपचुनाव को लेकर सियासी हलचल तेज, झामुमो-भाजपा में टिकट की खींचतान
गिरिडीह। झारखंड सरकार के मंत्री और गिरिडीह विधायक सुदिव्य कुमार सोनू के निधन के बाद होने वाले उपचुनाव को लेकर राजनीतिक गतिविधियां तेज हो गई हैं। झामुमो और भाजपा ने क्षेत्र में अपनी सक्रियता बढ़ा दी है। दोनों दलों के बड़े नेता गिरिडीह पहुंचकर कार्यकर्ताओं के साथ बैठकें कर रहे हैं और चुनावी रणनीति तैयार करने में जुटे हैं। हालांकि, दोनों पार्टियां इन दौरों को संगठनात्मक कार्यक्रम बता रही हैं।
झामुमो की ओर से दिवंगत मंत्री की पत्नी श्वेता शर्मा को संभावित उम्मीदवार माना जा रहा है। पार्टी ने अभी आधिकारिक घोषणा नहीं की है, लेकिन श्वेता शर्मा ने क्षेत्र में सक्रियता बढ़ा दी है और संगठन के कार्यक्रमों में हिस्सा ले रही हैं। वहीं, भाजपा में टिकट के लिए एक दर्जन से अधिक दावेदार सामने आने की चर्चा है। ऐसे में उम्मीदवार का चयन पार्टी के लिए चुनौती बन सकता है। पिछले विधानसभा चुनाव में भाजपा के निर्भय शाहाबादी करीब 3200 वोटों से हार गए थे। उस चुनाव में भीतरघात को भी हार की एक वजह बताया गया था।
उपचुनाव में राजद, आजसू और जेएलकेएम भी अपने उम्मीदवार उतार सकते हैं। राजद जिलाध्यक्ष इरफान आलम ने चुनाव लड़ने की तैयारी की बात कही है, हालांकि अंतिम फैसला पार्टी स्तर पर होगा। दूसरी ओर भाजपा और झामुमो के नेता लगातार क्षेत्र का दौरा कर जनता के बीच अपनी पकड़ मजबूत करने में जुटे हैं। ऐसे में गिरिडीह उपचुनाव में मुकाबला दिलचस्प होने के आसार हैं।




